पूर्व सैनिक प्राकाश गुरुरानी की पहल पर सेवानिवृत हुए सेना में 10 माहर रेजीमेंट के हवलदार अमर सिंह को 16 वर्ष बाद मिली युद्ध चोट पेंशन ।
हल्दूचौड़( नैनीताल )
ऑपरेशन रेनो आईडी में 16 जून 1997 को ब्लास्ट होने के कारण घायल हुए सेना में 10 माहर रेजीमेंट के हवलदार अमर सिंह को आर्मी हेडक्वार्टर द्वारा उन्हें 31 दिसंबर 2021 को बैटल कैजुअल्टी घोषित करते हुए सेवानिवृत जिन्हें 16 वर्ष के बाद पूर्व सैनिक एवं समाज सेवी प्रकाश गुरुरानी के अथक प्रयास के बाद युद्ध चोट पेंशन का भुगतान ₹25,52,530 भुगतान होने पर पूर्व सैनिक को धन्यवाद किया ।
हल्दूचौड़ पेशकारपुर निवासी अमर सिंह वर्ष 8 दिसंबर 1983 को सेना में 10 माहर रेजीमेंट में भर्ती हुए तथा 24 साल 7 माह 24 दिन देश सेवा करके दिनांक 31 जुलाई 2008 को सेवानिवृत हुए हवलदार अमर सिंह सेना में 16 जून 1997 को ऑपरेशन रेनो में आईडी ब्लास्ट होने के कारण घायल हो गए तथा आर्मी हेडक्वार्टर ने उन्हें 31 दिसंबर 2021 को बैटल कैजुअल्टी घोषित करते हुए उन्हे सेना ने द्वारा 31 जुलाई 2008 को सेवानिवृत कर दिया सेवानिवृत होने के बाद 16 वर्षों तक उन्हें युद्ध चोट पेंशन नहीं मिल पाई । वही अमर सिंह की मुलाकात 3 वर्ष पूर्व समाज सेवी पूर्व सैनिक प्रकाश गुरुरानी से हुई समाज सेवी पूर्व सैनिक प्रकाश गुरुरानी ने वर्ष 2022 से लगातार अभिलेख कार्यालय महर रेजीमेंट सागर तथा सी डी ए पेंशन से लगातार पत्राचार कर उनका युद्ध चोट पेंशन का आदेश जनवरी 2025 में जारी करवाया तथा आदेश जारी होने के बाद उन्हें 16 वर्ष के युद्ध चोट पेंशन का भुगतान ₹25,52,530.00 भुगतान हो चुका है जिससे हवलदार अमर सिंह को काफी खुशी हुई तथा उन्होंने समाज सेवी पूर्व सैनिक प्रकाश गुरुरानी को धन्यवाद कहा वही समाज सेवी पूर्व सैनिक प्रकाश गुरुरानी ने बताया कि वह इसी तरह 20 साल से पूर्व सैनिकों एवं वीरांगनाओं एवं विधवाओं की निस्वार्थ भाव से सेवा करते आ रहे हैं आगे भविष्य में भी इसी प्रकार करते रहेंगे ।